Powered by

Latest Stories

HomeTags List positive news

positive news

5वीं पास सरपंच ने जला दी शिक्षा की लौ, 50 बेटियों को स्कूल जाने के लिए किया प्रेरित

बुरहानपुर के आदिवासी बाहुल्य झांझर गांव में करीब दस साल पहले तक रूढ़िवादी सोच के चलते बेटियां पांचवीं क्लास से आगे नहीं पढ़ पाती थीं। लेकिन एक महिला ने अकेले दम पर इस आदिवासी समाज में शिक्षा की लौ जला दी है। कमलाबाई ने इन हालातों को बदलने का बीड़ा उठाया और आज गांव की 50 से ज़्यादा बेटियां स्कूल और कॉलेज तक में पढ़ाई कर रही हैं।

न छत न गार्डन, घर के चारों ओर की जगह का इस्तेमाल करके उगा रही हैं 50 से ज़्यादा सब्जियां

By प्रीति टौंक

केरल की मिनी श्रीकुमार एक गृहिणी हैं और उन्हें गार्डनिंग से बेहद लगाव है। लेकिन उनके पास न छत है, न कोई बालकनी। जानिए कैसे वह अपने घर के आस-पास की जगह में 50 तरह की सब्जियां उगाती हैं।

चाय वाले ने उठाया गांव को प्लास्टिक मुक्त करने का बीड़ा, हर महीने 50 Kg कचरा करते हैं जमा

By प्रीति टौंक

मिलिए बिसलपुर के रहने वाले काना राम मेवाड़ा से, जो एक चाय की दुकान चलाने के साथ अपने गांव को प्लास्टिक फ्री भी बना रहे हैं। पढ़ें, उनकी स्पेशल मुहिम के बारे में, जिसके कारण आज हजारों किलो प्लास्टिक लैंडफिल में जाने से बच गया।

40वीं रैंक पाकर DM के ड्राइवर का बेटा बना SDM

बहराइच के जिलाधिकारी के वाहन चालक जवाहर लाल मौर्या के बेटे कल्याण सिंह मौर्या ने UPPCS की कठिन परीक्षा में 40वीं रैंक हासिल कर यह साबित कर दिया है कि मेहनत और सफलता सुविधाओं की मोहताज नहीं होती।

'द बेटर इंडिया' की कहानी का असर, रोड से शुरू हुए बैम्बू बिज़नेस को देशभर से मिले ऑर्डर्स

By प्रीति टौंक

पूर्णिया, बिहार के माँ-बेटे की जोड़ी, आशा अनुरागिनी और सत्यम् सुंदरम् ने पर्यावरण के प्रति अपने लगाव के कारण बैम्बू के बिज़नेस की शुरुआत की थी, लेकिन पैसों की तंगी की वजह से वे ज़्यादा मार्केटिंग नहीं कर पाए थे। पर आज उनके प्रोडक्ट्स देशभर में बिक रहे हैं, जिसका श्रेय वे @TheBetterIndia-Hindi में छपी कहानी को देते हैं।

18 किस्मों के फल, एक तालाब और फूलों की वादी दिखती है पटना के इस टेरेस गार्डन में

By प्रीति टौंक

पटना में रहने वाले सतीश चरणपहाड़ी और विभा चरणपहाड़ी, साल 2004 से अपने छत पर गार्डनिंग कर रहे हैं। उन्होंने अपने टेरेस को ही एक खूबसूरत खेत बना दिया है, जिसकी देखभाल दोनों मिलकर करते हैं।

3200 किमी की पैदल लद्दाख यात्रा और 7 महीनों का समय, जानना चाहेंगे कैसे हुआ मुमकिन?

By प्रीति टौंक

मिलिए पुणे के निखिल सावलापुरकर और परिधि गुप्ता से, जिन्होंने सात महीने में लद्दाख की यात्रा किसी बाइक या जीप के बजाय पैदल की है। मगर उन्होंने क्यों किया ऐसा और क्या सीख मिली इससे उन्हें, जानने के लिए ज़रूर पढ़ें उनकी कहानी।

सर्द मौसम में रंग-बिरंगे फूलों से सजाएं अपना गार्डन, लगाएं ये पांच पौधे

By प्रीति टौंक

आज ही अपने गार्डन में आसान तरीके से उगाएं ये पांच फूलों के पौधे, सर्दियों तक ढेरों फूलों से भर जाएगा आपका बगीचा।

इन्होंने बनाया दुनिया का सबसे बड़ा बर्ड फीडर, जहाँ 2000 पक्षी एक साथ दाना चुगते हैं

By प्रीति टौंक

मिलिए महाराष्ट्र के एक छोटे से गांव के रहनेवाले हरेश शाह से, जो हाल में अपने बनाए दुनिया के सबसे बड़े बर्ड फीडर के कारण काफ़ी मशहूर हो गए हैं। जानिए कैसे मिली उन्हें इस अनोखे काम को करने की प्रेरणा।