बेंगलुरु के प्रवासी मजदूर परिवारों के बच्चों के लिए स्कूल आम बात नहीं! उनके जीवन में, माता-पिता की मदद करना, दिन की मजदूरी कमाना या मिट्टी में खेलना, बिना किसी भविष्य के सपने, बिना किसी उम्मीद के।
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प्रीति टौंक
मूल रूप से झारखंड के धनबाद से आनेवाली, प्रीति ने 'माखनलाल पत्रकारिता यूनिवर्सिटी' से पत्रकारिता में मास्टर्स किया है। ऑल इंडिया रेडियो और डीडी न्यूज़ से अपने करियर की शुरुआत करने वाली प्रीति को, लेखन के साथ-साथ नयी-नयी जगहों पर घूमने और अपनी चार साल की बेटी के लिए बेकिंग करने का भी शौक है।