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कुमार देवांशु देव

भाई-बहन का अनूठा प्रयोग, साइकिल चक्की से कसरत के साथ कुछ ही देर में पिस जाएगा गेहूँ

साइकिल और अनाजों को पीसने के लिए चक्की, दोनों की प्रकृति एक-दूसरे से बिल्कुल अलग है, लेकिन जमशेदपुर के रहने वाले मंदीप तिवारी और उनकी बहन सीमा ने मिलकर लॉकडाउन के दौरान कसरत करने वाली साइकिल से जुगाड़ कर आटा चक्की बना दी।

मिलिए केरल के 'दशरथ मांझी' से, 50 साल में 1000 से ज्यादा सुरंग खोदकर गाँव में पहुंचाया पानी

केरल के कासरगोड के रहने वाले 67 वर्षीय कुंजंबु, पिछले 50 वर्षों से अधिक समय के दौरान 1000 से अधिक सुरंगे बना चुके हैं। जिसके फलस्वरूप आज गाँव के लोगों को पानी के लिए बोरवेल पर कोई निर्भरता नहीं है।

प्रेरक कहानी: बचपन में गोबर उठाना पड़ा, अब करोड़ों का करते हैं बिज़नेस, 100 लोगों को देते हैं रोज़गार

हरियाणा के शौफी गाँव के रहने वाले गौरव राणा की। वह ब्यूटी स्टार्टअप कैलेप्सो के संस्थापक हैं और इसके तहत वह न सिर्फ हर साल करोड़ों रुपए की कमाई करते हैं, बल्कि 100 से अधिक लोगों को रोजगार भी दे रहे हैं।

मध्य प्रदेश: लाखों की नौकरी छोड़ बने किसान, अब “जीरो बजट” खेती कर बचा रहे 12 लाख रुपए

मध्य प्रदेश के विदिशा के रहने वाले संकल्प शर्मा पुणे स्थित भारती विद्यापीठ से एमबीए करने के बाद बैंकिंग सेक्टर में नौकरी कर रहे थे। लेकिन, वह अपने नौकरी से खुश नहीं थे और साल 2015 में नौकरी छोड़, उन्होंने जीरो बजट फार्मिंग शुरू कर दी।

परंपरागत “जाली” तकनीक का इस्तेमाल कर बनाया ईको-फ्रेंडली हॉस्टल, करीब आधी हुई AC की जरुरत

दिल्ली स्थित जेडईडी लैब के निदेशक सचिन रस्तोगी का मानना है सचिन के विचारों में, जीवन की गुणवत्ता में तभी सुधार होता है, जब सभी हितधारकों के साथ-साथ पर्यावरण को भी लाभ हो। उनका यह विचार, उनके आवासीय परियोजनाओं से लेकर व्यावसायिक परियोजनाओं में दिख जाता है।

लॉकडाउन की कहानियाँ: केरल की इस जोड़ी का अनोखा प्रयास, बोतल में उगा डाले धान, जानिए कैसे!

"मुझे खेती - किसानी करने में आनंद मिलता है। मुझे धान उगाने के साथ-साथ मछली पालन और सब्जियों की खेती भी पसंद है। मैं मधुमक्खी पालन भी करता हूँ।” - सैम

बदहाल भवनों को लाइब्रेरी का रूप दे रहा झारखंड का यह आईएएस अधिकारी

झारखंड के जामताड़ा के जिलाधिकारी आईएएस फैज अहमद ने, जिले में पुस्तकालयों को बढ़ावा देने के लिए अनोखी पहल छेड़ी है। इसके तहत उन्होंने पिछले एक महीने में सात बेकार भवनों को पुस्तकालय का रूप दे दिया।

मिट्टी-पत्थर से 40+ इमारत बना चुकीं हैं ये आर्किटेक्ट, 2000+ छात्रों को भी किया प्रशिक्षित

बेंगलुरू स्थित आर्किटेक्चर फर्म ‘मेसन्स इंक’ के संस्थापक रोजी पॉल और श्रीदेवी चंगाली, अपनी संस्था के तहत हेरिटेज कंजर्वेशन, अर्थेन स्ट्रक्चर और सस्टेनेबिलिटी को बढ़ावा देने के साथ-साथ सामान्य लोगों को इसके महत्व को लेकर जागरूक की दिशा में वर्षों से प्रयासरत हैं।

UP: SDM ने 43 हेक्टेयर के झील को दिया नया जीवन, कोई सरकारी पैसा नहीं हुआ खर्च, जानिए कैसे!

उत्तर प्रदेश के रामस्नेही घाट में 43 हेक्टेयर के विशाल क्षेत्र में सराही झील है। कभी यह झील कई पक्षियों का बसेरा हुआ करता था, लेकिन पिछले कुछ समय से रखरखाव के अभाव में इसकी स्थिति काफी बदहाल थी। लेकिन, फरवरी, 2019 में यहाँ के नए एसडीएम के तौर पर राजीव शुक्ला की तैनाती हुई और कुछ ही महीने में उन्होंने इसका कायापलट कर दिया।