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फ्लाइट के दौरान भारतीय डॉक्टर ने बचाई सहयात्री की जान; एयर फ्रांस ने किया सम्मानित!

डॉ प्रभुलिंगास्वामी

र्नाटक के मैसूर निवासी डॉक्टर प्रभुलिंगास्वामी संगनालमाथ कुछ समय पहले पेरिस से बंगलुरु की एयर फ्रांस फ्लाइट में सफ़र कर रहे थे। तभी अचानक फ्लाइट में एक यूरोपियन सहयात्री बेहोश हो गया।

इसे देख तुरंत डॉक्टर ने केबिन क्रू से सम्पर्क किया और मेडिकल सहायता के लिए कहा। लेकिन द हिन्दू की रिपोर्ट के मुताबिक उस फ्लाइट में वे अकेले डॉक्टर थे, जो सफ़र कर रहे थे और क्रू मेंबर्स में एक नर्स थी, जिन्होंने डॉ. प्रभुलिंगास्वामी को उस समय असिस्ट किया।

डॉक्टर प्रभुलिंगास्वामी एक रिटायर्ड फिज़िशियन डॉक्टर हैं और अब कुवेमपुनगर में अपना निजी क्लिनिक चलाते हैं।

डॉ. प्रभुलिंगास्वामी ने बताया कि उस व्यक्ति की न तो धड़कन ही चल रही थी और न ही वह सांस ले पा रहा था। डॉक्टर ने तुरंत उसे कार्डियक मसाज दिया और साथ ही उसकी साँसे वापिस लाने की प्रक्रिया की। एयर होस्टेस ने तुरंत डॉक्टर को मेडिकल किट व ऑक्सीजन मास्क लाकर दिया। कुछ घंटे बाद उस व्यक्ति को होश आ गया और उसने बोलना शुरू किया। बाद में मरीज़ को जूस पिलाया गया।

डॉक्टर ने बताया कि फ्लाइट के बंगलुरु पहुंचने पर उस मरीज़ को तुरंत एयरपोर्ट के क्लिनिक में भर्ती करवाया गया। फ्लाइट के कैप्टेन ने आकर डॉ. प्रभुलिंगास्वामी को मदद के लिए धन्यवाद दिया।

इस घटना के एक-दो दिन बाद डॉ. प्रभुलिंगास्वामी को एयर फ्रांस एयरलाइन से एक मेसेज आया। उन्हें 100 यूरो का एक वाउचर सम्मान स्वरुप दिया गया है। हालांकि, डॉ. प्रभुलिंगास्वामी का मानना है कि उस वक़्त उन्होंने सिर्फ़ अपना कर्तव्य निभाया था।


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Written by निशा डागर

बातें करने और लिखने की शौक़ीन निशा डागर हरियाणा से ताल्लुक रखती हैं. निशा ने दिल्ली विश्वविद्यालय से अपनी ग्रेजुएशन और हैदराबाद विश्वविद्यालय से मास्टर्स की है. लेखन के अलावा निशा को 'डेवलपमेंट कम्युनिकेशन' और रिसर्च के क्षेत्र में दिलचस्पी है. निशा की कविताएँ आप https://kahakasha.blogspot.com/ पर पढ़ सकते हैं!

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