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यदि बच्चा 10वीं क्लास में है तो दिलवाएं ये टेस्ट, मिलेगी पीएचडी तक के लिए स्कॉलरशिप!

नेशनल टैलेंट सर्च परीक्षा (एनटीएसई) एक राष्ट्रीय स्तर के छात्रवृत्ति कार्यक्रम के साथ-साथ माध्यमिक विद्यालय स्तर पर नेशनल काउंसिल ऑफ एजुकेशनल रिसर्च एंड ट्रेनिंग (एनसीईआरटी) द्वारा आयोजित की जाने वाली भारत की सबसे पुरानी और प्रतिष्ठित परीक्षाओं में से एक है। इसका उद्देश्य पढ़ाई में उच्च स्तर रखने वाले छात्रों की पहचान करके उन्हें स्कॉलरशिप देकर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करना है।

इस परीक्षा को हर साल 10वीं कक्षा के छात्र दे सकते हैं। इस परीक्षा को पास करने वाले छात्रों को 11 वीं कक्षा से लेकर उनकी पीएचडी की पढाई तक सरकार द्वारा छात्रवृति दी जाएगी। हालांकि, इससे कुछ नियम व कानून जुड़े हुए हैं। जिनके बारे में आप यहां पढ़ सकते हैं।

यह परीक्षा राज्य स्तर व राष्ट्रीय स्तर, दोनों ही स्तरों पर आयोजित की जाती है। पास करने वाले विद्यार्थियों को स्कूल के दो साल 1250 रूपये प्रति माह, कॉलेज में ग्रेजुएशन और पोस्ट-ग्रेजुएशन के दौरान 2000 रूपये प्रति माह और पीएचडी के लिए यूजीसी के नियमानुसार स्कॉलरशिप दी जाती है।

इस परीक्षा को दो भागों में लिया जाता है। पहला टेस्ट, ‘मेन्टल एबिलिटी टेस्ट’ (मैट) होता है, इसे पास करने वाले छात्र ही दूसरा टेस्ट दे सकते हैं, जिसे सैट कहते हैं मतलब ‘स्कॉलैस्टिक एप्टीट्यूड टेस्ट।’ इस साल होने वाले एनटीएसई एग्जाम के बारे में आप यहां जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।


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Written by निशा डागर

बातें करने और लिखने की शौक़ीन निशा डागर हरियाणा से ताल्लुक रखती हैं. निशा ने दिल्ली विश्वविद्यालय से अपनी ग्रेजुएशन और हैदराबाद विश्वविद्यालय से मास्टर्स की है. लेखन के अलावा निशा को 'डेवलपमेंट कम्युनिकेशन' और रिसर्च के क्षेत्र में दिलचस्पी है. निशा की कविताएँ आप https://kahakasha.blogspot.com/ पर पढ़ सकते हैं!

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