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लहसुनिया बेल से मधुमालती तक: बड़ी आसानी से कटिंग से लग जाएँगी ये 5 फूलों की बेल

बारिश का मौसम कटिंग से पौधे लगाने के लिए सबसे उपयुक्त होता है। इसलिए इस बार अपने गार्डन में शामिल कीजिये इन खूबसूरत पांच फूलों की लताओं को।

हमारे आसपास फूलों की बहुत से प्रजातियां हैं। एक से  बढ़कर एक खूबसूरत, आकर्षक और खुशबूदार फूलों के पौधे आप अपने घर में लगा सकते हैं। लेकिन सबसे शानदार होता है फूलों की लताएं लगाना क्योंकि जब ये छत, बालकनी या दीवारों पर फैलती हैं तो आपके घर को और भी मनमोहक बना देती हैं। 

लखनऊ में रहने वाली विद्या भारतीय कहती हैं कि उन्हें कभी भी अपने बालकनी को सजाने की जरूरत नहीं पड़ती है क्योंकि सालों पहले लगाई चंद फूलों की लताओं से ही उनके बालकनी को एक अनोखा रूप मिला हुआ है कि आने-जाने वाले लोग रास्ते में रुककर उनका घर निहारते हैं। उनका कहना है कि इस तरह के पौधे घर की सुंदरता बढ़ा देते हैं। सबसे अच्छी बात है कि इस तरह की लताओं को कटिंग से लगाया जा सकता है और कटिंग लगाने के लिए मानसून से अच्छा मौसम भला क्या होगा। 

इसलिए अगर आप बारिश के मौसम से पहले अपने घर में बागवानी की प्लानिंग कर रहे हैं तो अपने प्लान में कुछ फूलों की लताएं जरूर शामिल कर लें। इनकी कटिंग्स आपको अपने आसपास से भी मिल जाएँगी। आज हम आपको ऐसी पांच फूलों की लताओं के बारे में बता रहे हैं, जिन्हें आप अपने घर में बड़ी ही आसानी से लगा सकते हैं। 

1. गार्लिक वाइन (लहसुनिया बेल) 

garlic vine
Garlic Vine (Rep Image)

यह बहुत ही खूबसूरत लता है और इस पर ‘लैवेंडर’ रंग के फूल आते हैं। इसकी पत्तियों और फूलों को हल्का-सा मसलने पर आपको लहसुन जैसी खुशबू आएगी। कई बार लोग अपने खाने में लहसुन के फ्लेवर के लिए इस बेल के पत्ते का इस्तेमाल करते हैं। इस लता में औषधीय गुण भी होते हैं। अगर आप यह लता अपने बगीचे में लगाना चाहते हैं तो यह सुनिश्चित करें कि आपके बगीचे में अच्छी धूप आती हो। गर्मी और बारिश के मौसम में यह लता फूलों से भरी हुई रहती है। अक्टूबर के महीने तक इसमें फूल रहते हैं। 

लहसुनिया बेल को आप कटिंग से लगा सकते हैं। आपको इसकी ऐसी कटिंग लेनी है जो न बहुत कच्ची हो और न ही बहुत ज्यादा सख्त हो। बारिश का मौसम कटिंग लगाने के लिए सबसे बेहतर है। इसलिए आप अपने आसपास इस बेल को तलाशना शुरू कर दें ताकि आप इस साल ही मानसून में इस को लगा पाएं। 

2. क्रिमसन इपोमिया 

crimson epomia
Crimson Ipomea (Rep Image)

‘कार्डिनल इपोमिया’ को ‘क्रिमसन इपोमिया’ भी कहते हैं क्योंकि इस पर चटक गुलाबी रंग के फूल आते हैं। इस बेल पर गुच्छों में फूल लगते हैं और इसे आप धूप में और छांव (ऐसी जगह जहाँ सीधी धूप न पड़ती हो) में भी लगा सकते हैं। यह बेल ‘मॉर्निंग ग्लोरी’ फैमिली का है। इसलिए इसके फूल सुबह में खिलते हैं और रात को बंद हो जाते हैं। आद्रता वाली जगहों को छोड़कर इस लता को कहीं पर भी लगाया जा सकता है। गर्मियों और बारिश के मौसम में इस बेल पर खूब फूल आते हैं। 

इस बेल को भी कटिंग से लगाया जा सकता है। सर्दियों के मौसम में इस बेल में पेस्ट अटैक हो सकता है इसलिए आप नीम के तेल का स्प्रे करते रहें ताकि आपकी लता सुरक्षित रहे। 

3. मधुमालती या रंगून

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Madhumalati (Rep Image)

मधुमालती ऐसी बेल है, जिसे हम सबने अपने आसपास कहीं न कहीं तो देखा ही होगा। इसके फूल खूबसूरत होने के साथ-साथ खुशबूदार भी होते हैं। मधुमालती बहुत ज्यादा फैलती है और जिस भी जगह पर यह फैलती है, उसे बहुत आकर्षक बना देती है। इसकी दो किस्म होती है, एक में बड़े फूल लगते हैं और दूसरी में छोटे फूल। 

इस बेल को ऐसी जगह लगाएं, जहां धूप अच्छी आती हो। अगर आप इसे कम धूप या छांव वाली जगह पर लगाएंगे तो इसमें सिर्फ फोलिएज आएगा लेकिन फूल नहीं। मधुमालती को आप अपने घर की बालकनी या दरवाजे पर लगा सकते हैं ताकि घर में आते ही इसकी खुशबु से आपका मन खुश हो जाए। मधुमालती को भी आप आसानी से कटिंग से लगा सकते हैं। अपने आसपास किसी घर से मधुमालती की कुछ कटिंग ले आइए। इसकी एक कटिंग भी अगर अच्छे से लग गयी तो उसी से आपका पूरा बगीचा भर जाएगा। इसमें भी बहुत ही कम पेस्ट अटैक होता है। 

4. बोगेनविलिया 

bougainvillea
Bougainvillea (Rep Image)

बोगेनविलिया को आप पौधों के और बेल, दोनों ही रूप में लगा सकते हैं। इसकी कई किस्में होती है, जिनपर अलग-अलग रंग के फूल आते हैं जैसे सफ़ेद, लाल, नारंगी, गुलाबी आदि। इस बेल को कटिंग से लगाना बहुत ही आसान है। साथ ही, इसे पानी की भी कम जरूरत होती है। आप इसे मानसून में लगा सकते हैं। 

साथ ही, इस बेल को ऐसी जगह लगाएं, जहां धूप अच्छी आती हो। गर्मियों और बारिश के मौसम में आपकी यह बेल फूलों से लदी रहेगी। यह बहुत ही कम रख-रखाव वाली बेल है, जिस पर ज्यादा कोई पेस्ट अटैक भी नहीं होता है। इसलिए आप इसे एक बार लगाकर, हर दूसरे दिन पानी देते रहें। इस साल आप यह बेल लगाएंगे तो अगले साल आपके घर में ढेर सारे बोगेनविलिया के फूल खिल रहे होंगे। 

5. अलामांडा 

alamanda
Allamanda (Rep Image)

इसे भी आप पौधे और बेल दोनों ही रूप में लगा सकते हैं। यह दो किस्म के होते हैं, एक पर पीले फूल आते हैं और दूसरी किस्म पर ‘पर्पल’ रंग के। इसे घर पर लगाना बहुत ही आसान है। आप कहीं से भी कटिंग लाकर इसे लगा सकते हैं। इसे लगाते समय ध्यान रखें कि इसे पर्याप्त धूप मिले क्योंकि इस बेल को विकसित होने के लिए अच्छी धूप की जरूरत होती है। 

कैसे लगाएं कटिंग से लताएं 

कटिंग लेते समय हमेशा ध्यान दें कि आप किसी बेल से जो शाखा/टहनी काट रहे हैं, वह न ज्यादा कच्ची हो और न हो बहुत ज्यादा सख्त। कटिंग लेते समय हमेशा तिरछा कट लगाएं। आप चाहें तो कटिंग को गमलों में लगाने से पहले उन पर ‘रूटिंग हार्मोन पाउडर’ भी लगा सकते हैं ताकि ये जल्दी विकसित हो जाएँ। अगर आपके पास रूटिंग हॉर्मोन पाउडर न हो तो आप एलोवेरा जैल भी लगा सकते हैं। 

  • बेल की कटिंग लगाने के लिए आपको बड़े साइज के गमले लेने चाहिए क्योंकि बेल की जड़े काफी फैलती हैं। 
  • पॉटिंग मिक्स के लिए आप सामान्य बगीचे की मिट्टी में जैविक खाद, रेत या कोकोपीट मिला सकते हैं। 
  • पॉटिंग मिक्स को गमले में भरने के बाद, आप तीन-चार कटिंग एक-दूसरे से समान दूरी पर लगा दीजिए।
  • अब गमले में ऊपर से पानी डालें और इसे ऐसी जगह रखें, जहां इस पर सीधी धूप न पड़े।
  • लगभग दो हफ्तों में आपको अपनी कटिंग में विकास दिखने लगेगा। अब आप गमले को धूप में रख सकते हैं।
  • नियमित रूप से पानी देते रहें और देखते रहें कि कौन-सी कटिंग विकसित हो रही है।
  • अगर किसी कटिंग में दो-तीन हफ्तों बाद भी कोई विकास नहीं होता, तो आप इसे निकाल दें। 
  • आपकी कटिंग लगभग दो-ढाई महीने में अच्छे से विकसित होकर बेल बनने लगेगी। 

सभी बेलों को जरूरत के हिसाब से पानी और खाद दें। कोशिश करें कि आप इन्हें तरल खाद दें। जैसे- आप केले और प्याज के छिलकों को दो-तीन हफ्तों तक पानी में भिगोकर रख सकते हैं। फिर इस घोल को और अधिक पानी में मिलाकर पौधों को दे सकते हैं। इन्हें कीटों से बचाने के लिए, आप चाहें तो नीम के तेल को पानी में मिलाकर छिड़काव कर सकते हैं या फिर पानी में बेकिंग पाउडर मिलाकर छिड़काव कर सकते हैं। तो देर किस बात की, आप भी अपने आसपास तलाशना शुरू कर दीजिये फूलों की इन लताओं को। 

हैप्पी गार्डनिंग। 

संपादन- जी एन झा

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