in ,

केरल: घर की छत से गर्भवती महिला को बचाने वाले नेवी पायलट को मिला अनोखे अंदाज में ‘थैंक यू’!

नवल कमांडर विजय वर्मा/ थैंक यू नोट

केरल में भारी बाढ़ के चलते सामान्य जीवन तहस-नहस हो गया है। अलुवा के पास चेंगमांद में एक गर्भवती महिला सजिता जाबिल अपने घर की छत पर फंसी हुई थी। मुसीबत तब और बढ़ गयी जब सजिता को प्रसव पीड़ा शुरू हो गयी। उन्हें लग ही रहा था कि अब कोई भी उनकी या उनके अजन्मे बच्चे की जान नहीं बचा सकता।

ऐसे में भारतीय नौसेना के जवान हेलीकॉप्टर में एक डॉक्टर के साथ उनके बचाव के लिए पहुंचे। उन्हें समय रहते हेलीकॉप्टर से कोच्चि पहुंचाया गया। कोच्चि के आईएनएचएस संजीवनी अस्पताल में सजिता ने एक बेटे को जन्म दिया है। हालांकि, नेवी के समय रहते ना पहुंचने से स्थिति गंभीर हो सकती थी लेकिन अभी माँ और बच्चे दोनों की हालत सामान्य है।

इस ऑपरेशन को सफलतापूर्वक पूरा किया नेवल कमांडर विजय वर्मा ने, जो कि उस हेलीकॉप्टर के पायलट थे। उन्होंने हेलीकॉप्टर को 30 मिनट तक स्थिर रखा ताकि सजिता को बिना किसी चोट के ऊपर लाया जाये। 17 अगस्त को भी उनके द्वारा किये गए बचाव कार्य में उन्होंने दो महिलाओं की जान बचायी।

समय रहते जरुरतमंदो की जान बचाने के लिए केरल ने इस कमांडर का अनोखे अंदाज में धन्यवाद किया। उस घर की छत पर एक ‘थैंक यू’ नोट पेंट किया गया।

SpokespersonNavy

ट्विटर पर भी लगातार भारतीय नौसेना की सराहना की जा रही है।

केरल में भारतीय नौसेना के प्रयास काबिल-ए-तारीफ हैं। हम उम्मीद करते हैं कि जल्द से जल्द केरल इस आपदा से उभरेगा! इस मुश्किल घड़ी में आज पूरा देश उनके साथ है।


यदि आपको इस कहानी से प्रेरणा मिली है या आप अपने किसी अनुभव को हमारे साथ बांटना चाहते हो तो हमें hindi@thebetterindia.com पर लिखे, या Facebook और Twitter पर संपर्क करे। आप हमें किसी भी प्रेरणात्मक ख़बर का वीडियो 7337854222 पर भेज सकते हैं।

 

शेयर करे

Written by निशा डागर

Blessed with a talkative nature, Nisha has done her masters with the specialization in Communication Research. Interested in Development Communication and Rural development, she loves to learn new things. She loves to write feature stories and poetry. One can visit https://kahakasha.blogspot.com/ to read her poems.

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

तीन दिनों से लगातार केरल में बाढ़ पीड़ितों की सेवा में लगे हैं ये डॉक्टर पति-पत्नी!

बेबाक इस्मत आपा की कहानी ‘लिहाफ़’, जिसकी वजह से उनपर मुकदमा चला!