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सेंट्रल रेलवे कर्मचारी सुनील बिहारी की सूझ-बूझ से टला बड़ा ट्रेन हादसा!

फोटो: मुंबई मिरर ट्विटर अकाउंट

भारतीय रेलवे की सीएसएमटी- पुणे इंटरसिटी एक्सप्रेस के सभी यात्रियों को वॉचमैन सुनील बिहारी का शुक्रिया अदा करना चाहिए। क्योंकि उनकी सतर्कता के चलते सेंट्रल रेलवे के घाट खंड में मंगलवार की सुबह एक बहुत बड़ी दुर्घटना होने से बच गयी।

सेंट्रल रेलवे के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, “सुबह लगभग 9 बजे वॉचमैन सुनील बिहारी ने मंकी हिल और ठाकुरवाड़ी रेलवे स्टेशनों के बीच लाइन ट्रैक में लगभग 125 मिलीमीटर का अंतर देखा। सीएसएमटी-पुणे इंटरसिटी एक्सप्रेस इसी रास्ते से आ रही थी। उन्होंने तुरंत संबंधित अधिकारियों को सूचित किया और ट्रेन को रुकवाया।”

उनकी तुरंत कार्यवाई के चलते न केवल इंटरसिटी ट्रेन के यात्री बल्कि बाद में आने वाली कई अन्य ट्रेनों के यात्रियों की भी जान बच पायी।

घटना की जानकारी मिलते ही वरिष्ठ अधिकारी सूरज कांबले तुरंत साइट पर पहुंचे। 9:45 बजे तक, लाइन ट्रैक को ठीक कर दिया गया। तब तक के लिए रेलवे की मिडिल लाइन को ट्रेनों के लिए खोला गया। जिससे किसी भी ट्रेन को देरी नहीं हुई।

मानसून से दौरान कल्याण और लोनावाला के बीच के ट्रैक को रेलवे द्वारा अच्छे से निरीक्षित किया जाता है। क्योंकि इस पुरे घाट खंड में पत्थर होने से जोखिम बना रहता है। यदि एक भी भारी पत्थर रेलवे लाइन पर गिर जाये तो बड़ी समस्या पैदा हो सकती है।

इसलिए इस क्षेत्र को हमेशा सीसीटीवी कैमरा की निगरानी में रखा जाता है। हम सुनील बिहारी की सराहना करते हैं, जिन्होंने अपनी सूझ-बूझ के चलते इस खतरे को टाला।


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Written by निशा डागर

बातें करने और लिखने की शौक़ीन निशा डागर हरियाणा से ताल्लुक रखती हैं. निशा ने दिल्ली विश्वविद्यालय से अपनी ग्रेजुएशन और हैदराबाद विश्वविद्यालय से मास्टर्स की है. लेखन के अलावा निशा को 'डेवलपमेंट कम्युनिकेशन' और रिसर्च के क्षेत्र में दिलचस्पी है. निशा की कविताएँ आप https://kahakasha.blogspot.com/ पर पढ़ सकते हैं!

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