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रेलवे की नयी पहल : अब बोतल क्रशर मशीन में बेकार बोतल डालिये और 5 रूपये प्रति बोतल कमाइए !

फोटो: टाइम्स ऑफ़ इंडिया

हाल ही में, बंगलुरु रेलवे डिवीजन ने पर्यावरण और स्वच्छता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। रेलवे विभाग ने अपनी इस पर्यावरण अनुकूल पहल के चलते अपने मुख्य रेलवे स्टेशनों पर बोतल क्रशर लगवाए हैं। यह बोतल क्रशर केएसआर सिटी, यशवंतपुर, कंटोनमेंट और कृष्णराजपुरम स्टेशनों पर लगाए गये हैं।

द न्यू इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, इन सभी बोतल क्रशरों को लगवाने का खर्च पारले एग्रो नमक निजी कंपनी ने अपने सीएसआर प्रोजेक्ट के तहत उठाया है। यह मशीनें बिजली द्वारा चलेंगीं, जिसका खर्च रेलवे उठाएगा।

पर इससे भी अनोखी एक बात है, जो इस पहल को और भी दिलचस्प बनाती है।  दरअसल, रेलवे ने घोषणा की है कि जो भी व्यक्ति इन मशीनों में बेकार बोतल डालेगा, उसे 5 रूपये प्रति बोतल दिए जाएंगे। जी हाँ, आपको बस बोतल मशीन में डालने के बाद मशीन में अपना मोबाइल नंबर डालना होगा और आपको आपके पेटीएम पर 5 रूपये क्रेडिट कर दिए जाएंगे।

डिविजनल रेलवे मैनेजर, आर. एस सक्सेना ने टाइम्स ऑफ़ इंडिया को बताया कि इस पहल पर यात्रियों की प्रतिक्रिया के आधार पर बाकी स्टेशनों पर भी मशीनें लगायीं जाएँगी। उन्होंने कहा,

“इससे यह भी सुनिश्चित होगा कि प्लास्टिक की बोतलों को रेलवे ट्रैक या स्टेशन परिसर में नहीं डाला जाये। यह प्लास्टिक की बोतलों का निपटान करने के लिए एक पर्यावरण अनुकूल विकल्प भी है।”

स्टेशनों पर लगाई गयी प्रत्येक मशीन की लागत 4.5 लाख रुपये है। एक बार मशीन में बोतल गिरा दी जाती है, तो मशीन इन बोतलों को प्लास्टिक के टुकड़ों के रूप में बदल देती है, जिसे फिर से उपयोग में लाया जा सकता है।

इससे पहले बोतल क्रशर मैसूर, पुने, अहमदाबाद और मुंबई स्टेशनों पर भी लगाए गए हैं।

( संपादन – मानबी कटोच )


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Written by निशा डागर

बातें करने और लिखने की शौक़ीन निशा डागर हरियाणा से ताल्लुक रखती हैं. निशा ने दिल्ली विश्वविद्यालय से अपनी ग्रेजुएशन और हैदराबाद विश्वविद्यालय से मास्टर्स की है. लेखन के अलावा निशा को 'डेवलपमेंट कम्युनिकेशन' और रिसर्च के क्षेत्र में दिलचस्पी है. निशा की कविताएँ आप https://kahakasha.blogspot.com/ पर पढ़ सकते हैं!

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