विदेशी लेखकों, एक्टरों और राजनयिकों को आसान और मजेदार तरीकों से हिंदी सिखा रहीं पल्लवी सिंह

भाषा मानवीयता का पुल है, हमें जोड़ती है। वैश्वीकरण के इस दौर में हम दुनियां भर में आवास-प्रवास करते रहते हैं, हमारे देश में भी लाखों विदेशी आते हैं और उनकी मुहब्बत कहिए या कौतुहल कि उनमें से अधिकतर यहीं बस जाते हैं। ऐसे लोग हमेशा भाषा का अवरोध झेलते हुए देश में रहने के बाद भी अलग-थलग से नज़र आते हैं। इन्हें हमसे जोड़ने के लिए संवाद अनिवार्य है और संवाद के लिए समान भाषा जरूरी होती है।

इन पांच आसान तरीकों से देश में मिट सकती है निरक्षरता!

देश में साक्षरता बढ़ाने के तमाम प्रयासों के बाबजूद साक्षरता दर वैश्विक औसत की तुलना में लगातार गिर रही है। रेणु शर्मा ने इस समस्या के विभिन्न पहलुओं की पड़ताल करते हुए देश की साक्षरता दर में बढ़ोतरी के सुझाव दिए हैं, जिससे हम अपनी साक्षरता दर वैश्विक राज्यों की साक्षरता के स्तर पर पहुंचा सकें।

[विडियो]: कैसे होते हैं हिन्दुस्तानी मुस्लमान? आईये जानते है!

अक्सर ये सवाल उठता है कि एक हिन्दुस्तानी मुसलमान कितना हिन्दुस्तानी है? क्या वो पहले मुसलमान है या पहले हिन्दुस्तानी? इसी सवाल का जवाब कोम्युन के मंच पर हुसैन हैदरी ने दिया है।

[विडिओ] : भारत का ख़त आया है…क्या आप पढेंगे?

भारत... हमारा प्यारा देश! सोचिये यदि हमारा देश एक व्यक्ति के रूप में बदलकर हमसे कुछ कहना चाहता तो क्या कहता? या फिर जिस देश में हम ख़ुशी से रहते है, यहाँ के वासी होने पर गर्व महसूस करते है, कभी इसका गुनगान करते है और कभी कोंसते है, वो देश, हमारा भारत हमारे बारे में क्या सोचता होगा? अगर भारत को मौका मिले तो वो हमे कैसा ख़त भेजेगा? आईये जानते है आगाज़ क्रिएशन द्वारा निर्मित इस शोर्ट फिल्म में कि भारत ने ख़त में आपको क्या लिखा है!

बेटी को खोने के बाद भी, पकिस्तान से इस पिता ने भेजा था भारत को प्यार भरा ख़त!

पकिस्तान से भारत अपना इलाज कराने आई 13 साल की अबीहा ने 7 मई 2015 को दिल्ली के अपोलो अस्पताल में दम तोड़ दिया। पर जाने से पहले वो भारत से सिर्फ प्यार और अपनापन लेकर गयी और यही प्यार उसने भारत को भी दिया। पकिस्तान लौटकर अबीहा के पिता, इमरान ने भारत के नाम एक धन्यवाद पत्र लिखा।

2016 में हुई 6 घटनाएं जिन पर हर भारतीय को सदा गर्व रहेगा!

2016 ने हमे ऐसे कई ऐतेहासिक क्षण दिए जिनकी वजह से भारत के हर नागरिक को भारतीय कहलाने पर गर्व महसूस हुआ। आईये फिर एक बार याद करते है उन्ही सुखद क्षणों को!

जन्मतिथि विशेष : मिर्ज़ा ग़ालिब की कुछ-सुनी अनसुनी शायरी और उनके पीछे का दर्द!

मिर्ज़ा ग़ालिब के उल्लेख के बगैर उर्दू शायरी की दुनियां अधूरी है। पर शायरी की दुनियां को आबाद करने वाले इस शानदार शायर की ज़्यादातर नज्मे दर्द से भरी हुई है। और ये दर्द उन्हें और कही से नहीं बल्कि अपने ही जीवन से मिला।

कनाडा की बर्फ में भंगड़ा करके पूरी दुनिया में अपना रंग जमा रहे है ये भारतीय युवक!

कुछ पंजाबी युवाओं का ग्रुप है मैरीटाइम भंगड़ा ग्रुप, जो कनाडा में रहने वाले पंजाबी युवाओं ने मिलकर बनाया है। इस ग्रुप के भंगडे को देखकर पूरी दुनिया झूम रही है।

ISRO द्वारा बनाए इस उपग्रह की मदद से हुआ सफल भारतीय सेना का सर्जिकल स्ट्राइक !

सर्जिकल स्ट्राइक, दुश्मन पर किये आम हमलो से बहुत अलग होता है। इस तरह के हमले में इस बात का विशेष ध्यान रखा जाता है कि केवल लक्ष्य पर ही हमला हो और बाकि जानोमाल को कोई हानि न पहुंचे। इसके लिए सेना को बिलकुल सटीक और उच्च स्तरीय जानकारी की ज़रूरत होती है। और यही काम किया कारटोसैट सीरीज ने।

भुला दिए गए नायक, जिन्होंने विभाजन के दौरान बचाई कई ज़िंदगियाँ!

आजादी दिलाने वाले नेताओं के नाम सबकी जुबां पर अमर हो गए। लेकिन इस बँटवारे में अपनी जान की बाजी लगाकर ज़िंदगियाँ बचाने वालों को भुला दिया गया। आज हम लेकर आए हैं ऐसी ही कहानियां जिन्हें आप आमतौर पर नहीं सुनते, न इनकी गाथाएं आजादी के इतिहास से जुडी हैं और न ही इनकी बरसी मनाकर याद किया जाता है।

भारत ने विकसित किया कुष्ठ रोग से बचाने वाला दुनियां का पहला टीका!

कुष्ठ रोग के खिलाफ भारत ने बड़ी कामयाबी हासिल कर ली है। भारत ने कुष्ठ रोग से छुटकारा पाने के लिए दुनिया का पहला टीका विकसित कर लिया है। इस ऐतिहासिक उपलब्धि से भारत कुष्ठ रोग से लड़ाई में मजबूत होगा।

सरफ़रोशी की तमन्ना अब हमारे दिल में है – राम प्रसाद बिस्मिल !

बिस्मिल की यह गज़ल सभी क्रान्तिकारी जेल से पुलिस की गाडी में अदालत जाते हुए, अदालत में मजिस्ट्रेट को चिढ़ाते हुए और अदालत से लौटकर वापस जेल आते हुए एक साथ गाया करते थे। बिस्मिल की शहादत के बाद उनका ये गीत क्रान्तिकारियों के लिए मन्त्र बन गयी थी। न जाने कितने क्रांतिकारी इसे गाते हुए हँसते हँसते फांसी पर चढ़ गए थे।

ओलंपिक में क्वालिफाई करने वाली पहली भारतीय जिम्नास्ट दीपा करमाकर ने जगायी पदक की उम्मीद !

भारत की बेटी दीपा करमाकर ने एक बार फिर इतिहास कायम करते हुए ओलंपिक फाइनल में क्वालीफाई करने वाली भारत की पहली महिला जिम्नास्ट का दर्जा हासिल किया।

‘काऊइस्म’ – स्वदेशी गाय हो सकती है किसानो की हर समस्या का हल !

काऊइसम (Cowism), कंप्यूटर इंजिनियर, चेतन राउत द्वारा शुरू किया गया एक स्टार्ट अप है। चेतन का मानना है कि खेती के साथ साथ स्वदेशी गाय पालन ही किसानो की आत्महत्या रोकने का एकमात्र उपाय है।

तीन दशको बाद भारतीय वायुसेना में शामिल हुआ देश में निर्मित ‘तेजस’ !

'तेजस' स्वदेश-निर्मित लड़ाकू विमान है। दुनिया के कुछ ही देश हैं जो खुद लड़ाकू विमान बनाते हैं। इसका निर्माण एयरोलॉटिकल डेवलपमेंट एजेंसी (ADA) और हिन्दुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) ने मिलकर किया है।