कैंसर ने दृष्टि छीनी, पर आईएएस बनने के सपने की ओर बढ़ रही हैं नागपुर की भक्ति घटोळे!

नागपुर की भक्ति घटोळे की नौ साल की उम्र में ही कैंसर ने दृष्टि छीन लीं, लेकिन फिर भी उनके सपने और जुनून ने उन्हें रुकने नहीं दिया और आज भक्ति सफलता के स्तम्भ स्थापित करते हुए अपने आइएएस बनने के सपने की ओर बढ़ रही हैं।

नेत्रहीन होते हुए भी कई दृष्टिहीन लोगों को राह दिखा रही है टिफ्फनी !

एक वक्त ऐसा था जब वो खुद चल नहीं सकती थी, पर आज वो दुसरो को चलना सिखा रही है। आईये मिलते है टिफ्फनी से, जो नेत्रहीन होकर भी बहुत दूर की दृष्टी रखती है।