2016 में हुई 6 घटनाएं जिन पर हर भारतीय को सदा गर्व रहेगा!

2016 ने हमे ऐसे कई ऐतेहासिक क्षण दिए जिनकी वजह से भारत के हर नागरिक को भारतीय कहलाने पर गर्व महसूस हुआ। आईये फिर एक बार याद करते है उन्ही सुखद क्षणों को!

बेटियों को समर्पित प्रसून जोशी की नयी कविता, जो आपसे पूछ रही है, “शर्म आ रही है ना?”

बरसो तक लड़-लड़ के एक-एक करके हमारी बेटियों ने सभी क्षेत्रो में अपना परचम फैराया है, फिर चाहे वो कला हो, राजनीति हो या खेल। हाल ही में हुए रिओ ओलिंपिक में देश का नाम रौशन करने वाली साक्षी मलिक, पी.वी. सिन्धु और दीपा करमाकर जैसी खिलाड़ी इस बात की जिंदा मिसाल है। इन्ही को और इनके ही जैसी देश की हर बेटी को समर्पित है प्रसून जोशी की नयी कविता, जिसे पढ़कर आप अपने आप से, अपने समाज से एक बार ज़रूर पूछेंगे,"शर्म आ रही है ना ?"

ओलंपिक में क्वालिफाई करने वाली पहली भारतीय जिम्नास्ट दीपा करमाकर ने जगायी पदक की उम्मीद !

भारत की बेटी दीपा करमाकर ने एक बार फिर इतिहास कायम करते हुए ओलंपिक फाइनल में क्वालीफाई करने वाली भारत की पहली महिला जिम्नास्ट का दर्जा हासिल किया।