डिजिटल गांव के सपने को साकार करती, झारखंड की टैबलेट दीदी!

गोद में बच्चा और हाथो में टैबलेट ये नजारा झारखंड के गांवों में आम है, झारखंड के सुदूर गांवों की ये महिलाएं अपने घर- परिवार बच्चों का ध्यान रखने के साथ-साथ अपने घर को चलाने के लिए खूब मेहनत करती है। हाथ में टैबलेट लिये ये महिलाएं है झारखंड की 'टैबलेट दीदी'।

दो साल पहले गुम हुआ वंश आख़िर डिजिटल इंडिया की सहायता से पहुँचा घर !!!

भारत में हर साल करीबन एक लाख बच्चे गुम हो जाते है। और अधिकतर गुमशुदा ही रह जाते है। वंश भी इन्ही में से एक बनकर रह जाता अगर वक़्त पर दृष्टी नामक संस्था ने टेक्नोलॉजी का सहारा लेकर उसे अपने घर न पहुँचाया होता।

बळीराजा – १०० किसानो का एक व्हाट्स अप समूह जो किसानी में एक नयी क्रांति लेकर आया है !

भूमि अधिग्रहण बिल के चलते हमारा ध्यान किसानो की तरफ मुड़ा तो है पर बहुमंज़िला इमारतों के वातानुकूलित कमरो में बैठकर हम इनके लिए कुछ ख़ास कर न सके। पर 'बळीराजा ' ने इन किसानो के लिए कुछ कर दिखाने का ज़िम्मा उठाया।