विकलांग नहीं दिव्यांग है नीतू !

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कल 'मन की बात' में देशवासियों से अपाहिज की जगह 'दिव्यांग' शब्द का उपयोग करने का आग्रह किया है। क्यूंकि इनमे दिव्य शक्तियां होती है। आज हम आपको एक ऐसी ही दिव्यांग से रुबरू कराने जा रहे है, जिसने बुरे वक्त में भी अदम्य इच्छाशक्ति और साहस के बूते पे ये साबित किया है कि वो सचमुच दिव्यांग है।

अमेरिका में २ लाख प्रति माह की नौकरी छोड़, अपने गाँव की सेवा में लगा है ये ‘यंग गाँधी’!

तमिल नाडु के थेंनुर गाँव में रहने वाले सेंथिल गोपालन किसी भी गाँव वाले की तरह सादगी की ज़िन्दगी जी रहे है। फिर इस आम से दिखने वाले गाँव के साधारण नागरिक में ऐसा क्या है की लोग उन्हें 'यंग गांधी' याने की 'युवा गांधी' कहकर बुलाते है?