झारखण्ड की नयी भोजन वितरण योजना पहुंचाएगी करीब 70000 कमज़ोर आदिवासी परिवारों तक भोजन

पिछले दिनों राज्य सरकार द्वारा झारखण्ड के आदिवासी गाँवों तक हांथो हाथ खाना पहुंचाने की एक योजना लायी गयी। इसका मकसद करीब 70,000 अत्यधिक गरीब परिवारों तक राशन पहुंचाना है।

मिलिए झारखंड के एक ऐसे व्यक्ति से जिसने जुहू तट पर अब तक 50 जानें बचाई है!

बंटी राव, जुहू तट पर तैनात एक स्वयंसेवक लाइफ गार्ड है जो किसी भी आपात की स्थिति में आपकी मदद को तैयार रहता है ।

किसानों की समस्या को ही बना दिया समाधान, सूखे और भारी बारिश के लिए खोजी अनोखी तकनीक

हमारे देश में खेती के लिए लम्बे समय तक बारिश न होने या अचानक बेमौसम होने वाली बारिश से फसलों की बर्बादी होती है जिसकी मार किसान को झेलनी पड़ती है। लेकिन इसका समाधान निकाला अहमदाबाद की एक सामाजिक संस्था ने अनौखी जल सरंक्षण प्रणाली खोजकर!

‘आजादी’ के असल मायने साकार करती झारखंड की ग्रामीण महिलाएं!

गांव की इन महिलाओं ने आजादी को अपना ब्रांड बनाया है। आईए हम और आप इन महिलाओं से जुड़कर इनके गरीबी मुक्त झारखण्ड के सपने को धरातल पर उतारने में मदद करें और इस स्वतंत्रता दिवस par इनके ब्रांड - 'आजादी' को प्रोत्साहित करें।

20 साल इंतज़ार के बाद खुद ही सड़क बना रहे ग्रामीणों को अब चाहिए सरकार का थोड़ा सा सहारा!

झारखंड के हजारीबाग जिले में एक गांव है, लराही। भारत के ज़्यादातर गांवों की तरह पक्की सड़क का न होना यहाँ भी एक बुनियादी समस्या है। साल-दर-साल चुनावी मौसम में नेता ग्रामीणों से गाँव में सड़क बनवाने का वादा करते रहे और ये वादे बारिश के पानी की तरह बहते रहे। जब 20 साल तक सड़क बनाने की अर्जी नहीं सुनी गई तो गाँव वालो ने इस काम का बीड़ा खुद ही उठा लिया और लगभग पूरा भी कर दिखाया।